
दमण कॉलेज में M.Sc. कोर्स की 100 सीटों में से केवल 50 पर ही दाखिला दिया गया था। शेष 50 सीटों को “फैकल्टी और संसाधनों की कमी” बताकर रोक दिया गया था, जिससे दर्जनों विद्यार्थियों का भविष्य अधर में लटक गया था।
लेकिन जब दमन-दीव के सांसद उमेश पटेल ने इस अन्याय के खिलाफ कड़ी आपत्ति जताई और प्रशासन को घेरा, तो सिस्टम को आखिरकार झुकना पड़ा।
अब जानकारी सामने आ रही है कि रोक दी गई 50 सीटों पर भी एडमिशन प्रक्रिया फिर से शुरू कर दी गई है।

इस फैसले के बाद दमण कॉलेज के कई छात्र सांसद उमेश पटेल के कार्यालय पहुंचे और उनका धन्यवाद किया। विद्यार्थियों ने कहा कि अगर सांसद ने आवाज़ न उठाई होती, तो कई योग्य छात्र इस साल उच्च शिक्षा से वंचित रह जाते।
सांसद उमेश पटेल ने प्रशासन से अपेक्षा करता हूँ कि इन विद्यार्थियों के लिए न सिर्फ एडमिशन सुनिश्चित हो, बल्कि उन्हें बेहतर शिक्षा देने के लिए सभी जरूरी सुविधाएं भी मुहैया कराई जाएं। मैं इन छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूँ।”
